लखनऊ/कानपुर: विपक्षी दलों के गठबंधन को लेकर चल रहे कयासों के बीच समाजवादी प्रगतिशील पार्टी (लोहिया) के राष्ट्रीय अध्यक्ष शिवपाल सिंह ने बड़ा बयान दिया है. शिलपाल सिंह ने कहा है कि, वो लोकसभा चुनाव 2019 में तीसरा मोर्चा के गठबंधन को राजी है लेकिन शर्त ये होगी कि, उन्हें सपा के मुकाबले आधी सीटें मिलनी चाहिएं. यानि अगर गठबंधन या महागठबंधन में सपा को 40 सीटें मिलती हैं तो उनको 20 सीट चाहिएं. और ऐसा नहीं हुआ तो उनकी पार्टी प्रदेश की 80 में से 79 सीटों पर अपने उम्मीवार उतारेगी और एक सीट मुलायम सिंह यादव के लिए छोड़ी जाएगी.
अपनी पार्टी के जिला कार्यालय का उद्घाटन करने पहुंचे शिवपाल यादव ने इटावा में वरिष्ठ नेता लईक खान के घर प्रवास के दौरान कहा कि, इस समय हमारे कार्यकर्ता जी जान से जुटे हैं. 2019 में बिना उनकी पार्टी के केंद्र में किसी की सरकार नहीं बन सकती.
क्या है शिवपाल सिंह की रणनीति
शिवपाल सिंह ने बताया कि, समानविचारधारा वाले करीब 45 दल उनके संपर्क में हैं. बामसेफ ने पहले ही उनको पार्टी को समर्थन दे दिया है. और तमाम दल जल्दी ही उनके साथ होंगे. ऐसे में 2022 मेंउत्तर प्रदेश में उनकी समाजवादी प्रगतिशील पार्टी की ही सरकार बनेगी.
सपा में वापसी पर क्या बोले शिवपाल
माजवादी पार्टी में चापलूसों और चुगलखोरों के चलते बहुत अपमान किया गया मजबूरी में नई पार्टी बनाने के कदम उठाना पड़ा. दोबारा सपा में वापसी के सवाल पर शिवपाल सिंह ने कहा कि, अब सपा में कभी दोबारा नहीं जाऊंगा.
गलत बात का विरोध मुझे और नेताजी को भारी पड़ा
शिवपाल सिंह ने कहा कि, सपा सरकार के समय जमीनों पर कब्जे करने वाले लोग और शराब माफिया सक्रिय थे. मैने गलत बातों का विरोध किया तो नेताजी ने मेरी बात का समर्थन किया था. लेकिन गलत नीतियों का विरोध हमें और नेताजी दोनों को भारी पड़ गया हमें पार्टी से निकाल दिया गया.
मोदी सरकार पर साधा निशाना
बीजेपी पर निशाना साधते हुए शिवपाल सिंह ने कहा कि, केंद्र और यूपी में दोनें जगह इनकी सरकार है. फिर भी ये किसी वादे पर खरे नहीं उतरे हैं. 2019 में किसी का जादू नहीं चलेगा. जनता इनकी हकीकत जान चुकी है.
