नोएडा : रसोई गैस की बढ़ती कीमतों के बीच सरकार लोगों को कम कीमत पर खाना पकाने के लिए एक और विकल्प उपलब्ध कराएगी. उज्ज्वला योजना की तर्ज पर आसान किस्तों में इंडक्शन चूल्हा बांटा जाएगा. इससे हर परिवार को सालाना पंद्रह सौ रुपए की बचत होगी. इंडक्शन चूल्हा शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में रहने वाले परिवारों को उपलब्ध कराए जाएंगे.
एक मुश्त कीमत देकर भी इंडक्शन चूल्हा खरीदा जा सकता है. किस्तों पर चूल्हा खरीदने वाले परिवारों को हर माह बिजली के बिल के साथ किस्त अदा करनी पड़ेगी. एनर्जी एफिशिएंसी सर्विसेज लिमिटेड (ईईएसएल) ने इंडक्शन चूल्हे का प्रस्ताव बिजली मंत्रालय को भेज दिया है. सिंगल इंडक्शन चूल्हे की कीमत करीब 800 रुपए और डबल इंडक्शन चूल्हे की कीमत लगभग 1500 रुपए होगी. सामान्य परिवार में इंडक्शन के जरिए खाना पकाने में करीब सौ यूनिट प्रति माह खर्च होगी.
रसोई गैस सिलेंडर औसतन 22-25 दिन चलता है. सरकार ने इस साल दिसंबर तक सौभाग्य योजना के तहत हर घर तक बिजली पहुंचाने का लक्ष्य रखा है. 2022 तक सभी को 24 घंटे बिजली मुहैया कराने की रुपरेखा भी तैयार कर ली गई है. इंडक्शन चूल्हे के लिए बिजली की उपलब्धता कोई समस्या नहीं है.

उल्लेखनीय है कि वातावरण को बचाने और लोगों को सही तरीके से भोजन पकाने के लिए राज्य और केंद्र सरकारें मिलकर काम कर रही है. इससे पहले पीएम मोदी ने उज्जवला योजना के तहत ग्रामीण इलाकों में रहने वाली महिलाओं को गैस सिलेंडर बांटे थे. इस योजना के प्रारंभ होने के बाद लोगों को अक्सर इस बात की शिकायत रहती थी कि गैस महज एक महीना ही चलता है. बुकिंग करवाने के बाद भी सिलेंडर 10 से 12 दिन के बाद ही आ पाता है. लोगों को इस सम्या से निजात दिलाने के लिए सरकार ने इंडक्शन बांटने का निर्णय लिया है.
