सुलतानपुर: स्पेशल टास्क फोर्स लखनऊ की टीम ने जेल में निरुद्ध हिस्ट्रीशीटर जितेंद्र सिंह मुन्ना गैंग के दो असलहा तस्कर बदमाशों को प्रतिबंधित असलहो व कारतूसो के साथ गिरफ्तार किया . गिरफ्तार तस्करों को शनिवार दोपहर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में पेश किया गया. मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट आशारानी सिंह ने दोनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेजने का आदेश दिया.
ऐसे आए पुलिस की पकड़ में…
पुलिस रिपोर्ट के मुताबिक कोतवाली नगर क्षेत्र के केएनआई (टेढ़ुई) इलाके से जितेंद्र सिंह मुन्ना गैंग के दो बदमाश रोहित कुमार मिश्र उर्फ खब्बू निवसी-उजरियापुर और अंकित तिवारी , निवासी-खोधूपुर थाना हैदरगंज जिला अयोध्या को भारतीय थल सेना व पुलिस के पास ही पाए जाने वाले प्रतिबंधित असलहों के साथ गिरफ्तार किया गया .पुलिसिया पूछताछ में पकड़े गए गैंग सदस्यों ने बताया है कि जेल में बन्द जितेंद्र सिंह मुन्ना व उसके भाइयो ने अपने भाई शारदा प्रसाद उर्फ राजाबाबू की हत्या का बदला लेने के लिए कबरी ग्राम प्रधान जे.पी निषाद व एक सूचना की अफवाह फैलाने वाले पत्रकार दिनेश पांडेय को जान से मारने की योजना बनाई थी . जिसके लिए मुन्ना की गैंग के पास असलहे व कारतूस खत्म हो गये थे.
असलहों और कारतूस की इस कमी को पूरा करने के लिए मुन्ना के भाई यतेंद्र सिंह व संदीप सिंह के कहने पर पकड़े गए दोनों बदमाश रोहित मिश्रा और अंकित तिवारी ने बिहार राज्य के रहने वाले इमरान नाम के व्यक्ति से प्रतिबंधित असलहे व कारतूस खरीदकर उनके करीबियों तक पहुंचाने आये थे .
सूचना पर सक्रीय हुई स्पेशल टास्क फोर्स
बिहार से लाकर उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर जिले में प्रतिबंधित असलहों की तस्करी किये जाने की सूचना मिलने के बाद एसटीएफ लखनऊ हरकत में आ गयी और एसटीएफ के एएसपी सत्यसेन यादव की टीम ने सुल्तानपुर जिले के केएनआई के पास से सेंट्रो कार सवार दो असलहा तस्करों को गिरफ्तार कर लिया . पकड़े गये दोनों तस्करों ने बताया है कि वे बिहार से इन प्रतिबंधित असलहों को लाते है और उनके ये असलहे मजबूत और बेजोड़ रहते है. जिनका वार खाली नही जाता और न ही इन असलहों के फेल होने का डर रहता है . इन आरोपियो के पास से बरामद असलहो व कारतूसो के साथ शनिवार दोपहर को पुलिस ने जिला न्ययालय की सीजेएम कोर्ट में पेश किया जहाँ अदालत ने उनकी रिमांड स्वीकृत कर उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेजने का आदेश दिया है .
हथकंडा अपना रही पुलिस
बताते चले की पुलिस महकमा इन दिनों अपराधियो पर शिकंजा कसने के लिए कई हथकंडे अपनाने में जुटा हुआ है . उन हथकंडो में कुछ लापरवाह व अनुभवहीन पुलिस अधिकारियों की वजह से कुछ मामलों में पुलिस फेल भी हुई जिससे उनकी जमकर किरकिरी भी हुई. लेकिन यह भी है कि अपराधियों के पीछे हाथ-धोकर पड़ी पुलिस भी लगातार अपने मिशन पर लगी हुई है. इसी मिशन की चपेट में आया जेल में बन्द जितेंद्र सिंह मुन्ना का परिवार एक मामले से उबर नही पाता कि लगातार उसके दूसरे नये मामले सामने आते जाते है. पुलिस की इन कार्यवाहियों को देखकर ऐसा लगता है कि मुन्ना परिवार व उसके करीबियों को अब पुलिस छोड़ने वाली नही है . सूत्रों की माने तो इस तरह के अपराधियो को राजनैतिक लोगों और अन्य कार्यो की आड़ में प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष रूप से संरक्षण देने वाले एवं गलत कार्यो के लिए इनका उपयोग करने वाले कुछ लोगो के खिलाफ भी पुलिस साक्ष्य जुटाने में लगी हुई है . कुछ साक्ष्य हाथ लग जाते ही पुलिस उन्हें भी टारगेट बनायेगी ऐसी उम्मीद जताई जा रही है. फिलहाल एसपी अनुराग वत्स जिले में कानून व्यवस्था कायम रखने के लिए अपराधियों की कमर तोड़ने में पुरजोर कोशिश करने में जुटे हुए है .
सुल्तानपुर से नितिन श्रीवास्तव की रिपोर्ट
