अलीगढ़. उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों से पहले एक बार फिर अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (AMU) में लगी पाकिस्तान के कायदे आज़म मोहम्मद अली जिन्ना की तस्वीर को लेकर चर्चाएं शुरु हो गई हैं. अलीगढ़ के एक बीजेपी (BJP) कार्यकर्ता ने इस मामले में पीएम नरेन्द्र मोदी (PM Narendra Modi) को खून से एक पत्र लिखा है. खून से लिखे हुए पत्र में बीजेपी कार्यकर्ता ने जिन्ना की तस्वीर को हटाने की मांग की है.
इस मामले पर एएमयू प्रशासन ने इस सारे मामले से पल्ला झाड़ते हुए कहा है कि तस्वीर लगाने या हटाने से उसका कोई संबंध नहीं है. गौरतलब रहे पूर्व में सांसद सतीश गौतम भी इस मामले को उठा चुके हैं.
2018 में लोकसभा सत्र के दौरान बीजेपी के सांसद अश्वनी कुमार ने लोकसभा में जिन्ना की तस्वीर के संबंध में एक सवाल पूछा था. सांसद ने सवाल उठाते हुए पूछा था कि क्या एएमयू में जिन्ना ही तस्वीर को हटाने के लिए कोई मांग पत्र मिला है. सरकार ने इस संबंध में क्या कदम उठाए हैं. क्या सरकार भारतीयों की भावनाओं को आहत कर रहे इस मामले में कोई पहल करेगी. और उन्होंने ये भी पूछा था कि क्या सरकार एएमयू छात्रसंघ से जिन्ना की आजीवन सदस्यता समाप्त करेगी.
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सांसद अश्वनी कुमार के सवाल के जवाब में उस वक्त मानव संसाधन विकास राज्यमंत्री डॉ. सत्यपाल सिंह का कहना है कि इस बारे में उन्हें एएमयू ने बताया है कि एक सांसद ने तस्वीर हटाने के मामले पर चिठ्ठी लिखी है. एएमयू ने ये भी कहा है कि छात्रसंघ को भंग कर दिया गया है. और तस्वीर हटाने के मामले में कोई भी फैसला नए बनने वाले छात्रसंघ द्वारा लिया जाएगा. एएमयू छात्रसंघ से जिन्ना की आजीवन सदस्यता समाप्त करने के सवाल पर डॉ सत्यपाल का कहना है कि इस मामले में तो सवाल ही नहीं उठता है.
