दिल्ली: शेयर मार्केट के किंग और दिग्गज निवेशक राकेश झुनझुनवाला (Rakesh Jhunjhunwala) का निधन हो गया है. वो 62 साल के थे. उन्हें भारत का वॉरेन बफेट (Warren Buffet) भी कहा जाता था. उनके निधन की खबर से सब अचंभित हैं. दरअसल, उनके निधन की खबर ऐसे समय आई है जब हाल में उन्होंने अपनी एयरलाइन (Rakesh Jhunjhunwala Airline) शुरू की थी. इसका नाम आकासा एयर रखा था. उन्हें शेयर बाजार का बिग बुल (Big Bull) भी कहा जाता था।. उनकी सूझबूझ की मिसाल दी जाती थी. उनकी पत्नी का नाम रेखा है. आकासा एयर में सबसे बड़ी हिस्सेदारी राकेश झुनझुनवाला और उनकी पत्नी रेखा की है. दोनों की कुल हिस्सेदारी 45.97 फीसदी है।
कैसे हुआ निधन…
राकेश झुनझुनवाला लंबे समय से किडनी की समस्या से जूझ रहे थे. बीते सप्ताह ही वो अस्पताल से लौटे थे. इस बार भी ब्रीच कैंडी अस्पताल पहुंचे. पिछले महीने 5 जुलाई को उनका जन्मदिन था। उनके अचानक नहीं रहने की खबर ने पूरे बाजार को सकते में डाल दिया है। झुनझुनझुनवाला के बारे में कहा जाता था कि वो मिट्टी भी छू लें तो सोना बन जाती है।
कैसे हुई झुनझुनवाला की शुरुआत
36 साल पहले राकेश झुनझुनवाला (Rakesh Jhunjhunwala) ने निवेश के सफर की शुरुआत की थी. सिर्फ 5,000 रुपये से की थी. आज उनकी नेटवर्थ तकरीबन 40 हजार करोड़ रुपये की थी. उनका जादुई हाथ जिस शेयर पर पड़ जाता था वो रातोंरात बुलंदियों पर पहुंच जाता था. यही कारण है कि उनकी हर चाल पर निवेशकों की नजर रहती थी. शेयरों को चुनने में उनकी पैनी नजर बेजोड़ थी. जब उन्होंने निवेश की शुरुआत की थी तभी से यह बात सच साबित होने लगी थी. इसी के चलते राकेश झुनझुनवाला भारत के वॉरेन बफे के नाम से मशहूर हो गए।
झुनझुनवाला RARE एंटरप्राइजेज नाम की निजी ट्रेडिंग फर्म चलाते थे. इसकी नींव उन्होंने 2003 में रखी थी। इस कंपनी के पहले दो शब्द ‘RA’ उनके नाम पर थे। वहीं, ‘RE’ उनकी पत्नी रेखा के नाम के शुरुआती शब्द हैं। हाल में राकेश झुनझुनवाला ने एविएशन इंडस्ट्री (Aviation Industry) में कदम रखे थे।
