नई दिल्ली : दिल्लीवालों को शायद अपनी ही जिंदगी की परवाह नहीं क्योंकि सुप्रीम कोर्ट की मनाही के बावजूद बुधवार की रात दिवाली के मौके पर दिल्लीवालों ने जमकर पटाखे जलाए. जिसकी वजह से दिल्ली की हवाओं की गुणवत्ता बेहद खराब स्थिति पर पहुंच गयी. हवा की गुणवत्ता बुधवार की रात ‘बेहद खराब’ की श्रेणी की तरफ आगे बढ़ गयी.
रात 10 बजे वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 296 दर्ज किया गया. ऐसा इस वजह से क्योंकि दिल्ली के कई इलाकों में तय सीमा से ज्यादा देर तक पटाखे जालाए गए. आपको बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने 8 से 10 बजे तक के समय सीमा तक पटाखा फोड़ने का आदेश जारी किया था. जिसका दिल्लीवालों ने उल्लंघन किया. साथ ही कोर्ट ने सिर्फ ‘हरित पटाखों’ के निर्माण और बिक्री की अनुमति दी थी.
क्या था दिवाली के दिन ओवरऑल एक्यूआई
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) की माने तो शाम 7 बजे एक्यूआई 281 था और रात 8 बजे 291 और रात 9 बजे यह बढ़कर 294 पर पहुंच गया. केंद्र सरकार द्वारा संचालित सिस्टम ऑफ एयर क्वालिटी फोरकास्टिंग एंड रिसर्च (सफर) के द्वारा ओवरऑल एक्यूआई 319 दर्ज किया गया जो ‘बेहद खराब’ की श्रेणी है.
आनंद बिहार की स्थिति बेहद खराब
गौर करें तो दिल्ली के आनंद विहार, आईटीओ और जहांगीरपुरी जैसे कई इलाकों में हवाओं की खराब स्थिति हो गयी है और प्रदूषण बेहद उच्च स्तर पर जा पहुंचा है. मयूर विहार एक्सटेंशन, लाजपत नगर, लुटियंस दिल्ली, आईपी एक्सटेंशन, द्वारका, नोएडा सेक्टर 78 समेत अन्य स्थानों पर कोर्ट के आदेश के उल्लंघन किये जाने की खबर है.
गुरुवार को खराब रहेगी गुणवत्ता
सफर का अनुमान है कि गुरुवार को हवा की गुणवत्ता ‘खराब’ श्रेणी में रहेगी. हालांकि 2017 के मुकाबले कम हानिकारक पटाखे फोड़े गए. सफरा के मुताबिक प्रदूषण का स्तर बुधवार रात और गुरुवार को सुबह 11 बजे और रात 3 बजे के बीच सबसे ऊंचे स्तर पर होगा.
आपको बता दें कि शीर्ष कोर्ट ने दिल्ली पुलिस को ये आदेश दिया था कि वो सुनिश्चित करे कि प्रतिबंधित पटाखों की बिक्री न हो. इसके साथ ही कोर्ट ने कहा था कि किसी भी नियम का उल्लंघन होने का जिम्मेदार संबंधित थाना के एसएचओ को व्यक्तिगत रूप से माना जाएगा. साथ ही ऐसा होना कोर्ट की अवमानना होगी. इस सख्ती के बाद भी लोगों ने कोर्ट के आदेश की अवहेलना की है जिससे दिल्ली की हवाओं की स्थिति और भी खराब हो गयी.
