लखनऊ : मिर्जापुर मिड डे मिल प्रकरण में स्थानीय पत्रकार पर एफआईआर दर्ज होने के बाद एक नया वीडियो सामेन आया है. यह वीडियो स्कूल की रसोइया रुक्मणि देवी का है. रसोइया के मुताबिक, उस दिन खाने में बच्चों को नमक रोटी दी गई थी. इतना ही नहीं, उससे पहले चावल और नमक भी बच्चों को खाने के लिए परसो गया था.
बताई उस दिन की कहानी
रसोइया रुक्मणि ने कहा कि, उस दिन दस बज गए थे, कुछ पकाने को नहीं दिया गया. हमनें खुद बच्चों को नमक व रोटी परोसी थी. मुरारी सर जी थे, उन्होंने भी नहीं रोका. पत्रकार की कोई गलती नहीं है. मुरारी सर की गलती है. जब पकाने के लिए कुछ दोगे, तब बनाएंगे. जब नहीं दोगे तो कहां से पकाएंगे? कई बार बच्चों को नमक-रोटी तो कई बार चावल नमक खाने को दिया जाता था. दूध में, खीर में, जो कुछ मिलता है सब में कोताही बरतते हैं. सामान नहीं देते हैं.
सरकार ने जांच रिपोर्ट का दिया हवाला
उप मुख्यमंत्री दिनेश शर्मा ने सरकार को बदनाम करने का प्रयास गलत है. ये बात सच है कि इसमें किसी व्यक्ति की साजिश दिखाई पड़ रही है. चाहे वो प्रधान के सहयोगी की हो या किसी अन्य की. पूरी जांच रिपोर्ट आ जाए तक कुछ कहना ठीक होगा.
