अलीगढ़ : खाद्य पदार्थों में मिलावट होना आम बात है.अब तो खाने के हर सामान में मिलावट हो रही है. कुछ खाद्य पदार्थ तो मार्केट में नकली मिल रहे हैं और उस जहर को हम बिना कुछ सोचे समझे खरीद लाते हैं. त्यौहारों में मिलावट का धंधा बढ़ जाता है. इसके लिए अब हमें सचेत होने की जरूरत है
अलीगढ़ में हुई छापेमारी
मंगलवार को एफडीए की टीम ने जिले में कई स्थानों पर छापेमार कार्रवाई की. इसमें गभाना क्षेत्र के सहजपुरा में एक पनीर प्लांट पर छापा मारा. यहां रिफाइंड व पामोलिन से पनीर बनता था. टीम ने यहां से कुछ नमूने भरे, जिनकी जांच भी चल रही है. मंडलायुक्त अजयदीप सिंह ने त्योहार को देखते हुए मंडल स्तरीय एफडीए टीम का गठन किया था. इसमें अलीगढ़, हाथरस व एटा के अफसरों को शामिल किया था. मंगलवार को इस टीम ने गभाना के सहजपुरा में शीबू खान के पनीर प्लांट पर छापा मारा. टीम ने पनीर के नमूने भरे. वहीं प्लांट पर 400 किलो पामोलीन ऑयल के 29 टीन सील कर दिए.
बड़ी मात्रा में मिला मिलावटी सामान
इसके बाद टीम ने इगलास के गांव कांडली में स्वास्तिक डेयरी से दूध का नमूना भरा. तीसरी कार्यवाही टीम ने तालानगरी के सेक्टर एक एफ 376 प्लाट में वेजीटेबिल ऑयल फर्म पर की. यहां से टीम ने दो नमूने भरते हुए तैयार माल के करीब 400 डिब्बों को सील कर दिया. यहां भी सामान को सील कर दिया है. सभी स्थानों पर कार्रवाई के दौरान मजिस्ट्रेट मौजूद रहे. नमूनों को जांच के लिए लखनऊ प्रयोगशाला में भेजा जाएगा
150 रुपए में 5 किलो पनीर
अगर नकली पनीर की बात करें तो आपको बता दें कि मिलावटखोर सिर्फ 150 रुपये में पांच किलो पनीर बनाते हैं. इसके लिए वो थोड़े से दूध में सोडियम बाई कार्बोनेट यानी बेकिंग सोडा डालकर घोल बनाते हैं. फिर उसमें पॉम ऑयल या वेजिटेबल ऑयल मिला देते हैं. इसके बाद इस घोल को बेकिंग पाउडर से फाड़कर उसे बड़े कंटेनर में जमा दिया जाता है. इस तरह खतरनाक तरीके से बने जहरीले पनीर को फ्रेश पनीर बताकर ग्राहकों तक पहुंचा दिया जाता है
