देश के कई राज्यों के राज्यपाल बदले, आनंदीबेन को यूपी, तो लालजी टंडन को मिली यहां की कमान

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नई दिल्ली: शनिवार को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने कई राज्यों के राज्यपालों को बदल दिया है. मध्यप्रदेश की राज्यपाल रहीं आनंदी बेन पटेल को अब उत्तर प्रदेश का राज्यपाल बनाया गया है. फिलहाल यूपी के राज्यपाल राम नाईक है. मध्य प्रदेश की बात करें तो अब लाल जी टंडन को मध्य प्रदेश का राज्यपाल बना दिया गया है. फिलहाल लालजी टंडन बिहार के राज्यपाल हैं.

इसके अलावा जगदीप धनकड़ को पश्चिम बंगाल और रमेश बैस को त्रिपुरा का राज्यपाल बनाया गया है. फागू चौहान को बिहार का और आरएन रवि को नगालैंड का राज्यपाल नियुक्त किया गया है. ये नियुक्तियां उन तारीखों से प्रभावी होंगी जब ये सभी अपने संबंधित कार्यालयों में जाकर पदभार ग्रहण करेंगे.

इससे पहले 15 जुलाई को राष्ट्रपति ने हिमाचल प्रदेश और गुरजात के नए राज्यपालों की नियुक्ति की थी. राष्ट्रपति ने हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल आचार्य देवव्रत को गुजरात का राज्यपाल नियुक्त किया था. वहीं बीजेपी के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री कलराज मिश्रा को हिमाचल प्रदेश का राज्यपाल का पदभार दिया था. इससे पहले कई भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने लोकसभा चुनाव लड़ने से इंकार कर दिया था. उसके बाद से इन बातों की उम्मीद लगाई जा रही थी की केंद्र सरकार सत्ता में आने के बाद कई नेताओं को राज्यपाल बना सकती है. वहीं कई राज्यपालों का कार्यकाल भी समाप्त हो रहा है. जिस वजह से सरकार ने कई नए राज्यपालों की नियुक्ति भी की है और कई का तबादला किया है.

आनंदीबेन पटेल
आनंदीबेन पटेल गुजरात की पहली महिला मुख्यमंत्री रही है. साथ ही वो फिलहाल मध्य प्रदेश की राज्यपाल भी है. कुछ समय पहले तक उनके पास छत्तीसगढ़ की राज्यपाल का भी अतिरिक्त प्रभार था. यूपी देश का सबसे बड़ा राज्य है जिसको संभालने की जिम्मेदारी आनंदीबेन को संभालने को मिली है. यूपी में कानून व्यवस्था को लेकर अक्सर प्रशासन पर सवाल उठते रहते हैं. साथ ही ये वो प्रदेश है जहां सपा, बसपा और अन्य कई क्षेत्रीय दल मजबूत स्थिति में हैं. ऐसे में देखना होगा कि राज्यपाल राम नाईक की तरह क्या आनंदीबेन पटेल भी सबको साथ लेकर चल पाती हैं.

लालजी टंडन
लालजी टंडन यूपी के पूर्व मंत्री रहे है. साथ ही वो वर्तमान में बिहार के है. अब उन्हें मध्य प्रदेश की जिम्मेदारी दी गई है. लालजी टंडन को पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेश का काफी करीबी माना जाता है. 2009 में लालजी टंडन लखनऊ के सांसद भी रह चुके हैं. उनकी जगह लखनऊ से इस बार राजनाथ सिंह ने चुनाव लड़ा था. मध्य प्रदेश में कांग्रेस की सरकार है. ऐसे में लालजी टंडन की भूमिका राज्यपाल के रूप में वहां महत्वपूर्ण हो जायेगी.

फागू चौहान
फागू चौहान उत्तर प्रदेश के घोसी विधानसभा क्षेत्र से 6 बार विधानसभा चुनाव जीता है. वो वर्तमान में भी घोसी विधानसभा सीट से उत्तर प्रदेश विधानसभा के सदस्य हैं. ये सीट मऊ जिले के अंदर आती है. इसके अलावा फागु चौहान बिजनेसमैन भी है. फागु चौहान की ट्रांसफॉर्मर फैक्ट्री और कोल्ड स्टोरेज भी हैं. इस बार उन्हें बिहार के राज्यपालकी जिम्मेदारी दी गई है.

जगदीप धनखड़
जगदीप धनखड़ एक बहुत बड़े वकील है. साथ ही वो जनता दल के पूर्व सांसद भी है. जगदीप धनखड़ पश्चिम बंगाल के राज्यपाल बनाये गये हैं. उसने पहले पश्चिम बंगाल के राज्यपाल केशरी नाथ त्रिपाठी थे जिनका कार्यकाल पूरा हो रहा है. धनखड़ किशनगढ़ क्षेत्र से राजस्थान विधानसभा के सदस्य भी रह चुके हैं. इन्होनें जाटों को ओबीसी दर्जा दिलाने की काफी कोशिश की थी. इसके अलावा ये विभिन्न सामाजिक संगठनों से भी जुड़े रहे हैं. पश्चिम बंगाल से कुछ महीनों से लगातार हिंसा की खबरें आ रही है. ऐसे में उनके सामने बंगाल में कानून का शासन बनाये रखने की बड़ी चुनौती होगी.

आर.एन. रवि
आर.एन. रवि को नागालैंड का राज्यपाल नियुक्त किया गया है. वो पहले संयुक्त खुफिया समिति के अध्यक्ष और देश के उपराष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) भी हैं. राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल की टीम में जो तीन डिप्टी एनएसए हैं उनमें से एक आर.एन. रवि हैं.

रमेश बैस
रमेश बैस ने सात बार रायपुर का लोकसभा में प्रतिनिधित्व किया है, यहां से वो सिर्फ एक बार हारे है और वो था 1991 का लोकसभा चुनाव. इसके अलावा रमेश बैस संयुक्त मध्य प्रदेश में विधानसभा के सदस्य भी रहे हैं, बैस रायपुर नगर निगम के भी सदस्य रहे हैं. लेकिन 2019 के लोकसभा चुनावों में जब टिकट नहीं मिला था. अब पार्टी ने उन्हें त्रिपुरा के राज्यपाल का पद दिया है.

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