मैनपुरी: मुलायम सिंह की विरासत के मुद्दे से शुरु हुआ मैनपुरी (Mainpuri) के संग्राम में…अब मुद्दों ने करवट बदली है…और ये नई अंगड़ाई…अब पेंडुलम, फुटबॉल के साथ-साथ सुरक्षा में कटौती और गोमती की फाइलों तक पहुंच रही है…यानि, चाचा-भतीजे आए निकट और शिवपाल यादव पर बढ़ा संकट, यानि, शिवपाल यादव की Z श्रेणी की सुरक्षा को घटाकर जहां Y कर दिया गया है. वहीं गोमती रिवर फ्रंट घोटाले में भी शिवपाल घिर सकते हैं ।
बीजेपी से यही उम्मीद: शिवपाल
इस दोहरे झटके बाद शिवपाल यादव का भी बयान आया है. शिवपाल यादव ने कहा कि, उन्हें बीजेपी से यही उम्मीद थी. हमारी सुरक्षा हमारे कार्यकर्ता कर लेंगे. लेकिन डिंपल की जीत अब और ज्यादा वोटों से होगी ।
सीएम योगी ने पेंडुलम और फुटबॉल से की तुलना
वहीं बीजेपी प्रत्याशी शाक्य के समर्थन में सभा करने पहुंचे सीएम योगी आदित्यनाथ ने शिवपाल यादव की तुलना पेंडुलम से कर दी. इतना ही नहीं चाचा-भतीजे की जुगलबंदी के बीच मुख्यमंत्री ने फीफा का भी फ्लेवर डाल दिया कहा कि, जैसे फीफा में फुटबॉल मैच चल रहा है को इधर से किक मारता है कोई उधर से शिवपाल यादव की हालत ऐसी ही हो गई है।
अखिलेश यादव का पलटवार
अब बात निकली तो दूर तक गई. लिहाजा अखिलेश यादव तक भी जा पहुंची…सीएम योगी का वार था, अखिलेश यादव का पलटवार.फुटबॉल औऱ पेंडुलम वाले बयान पर अखिलेश यादव ने कहा कि, चाचा पेंडुलम नहीं है बल्कि ऐसा झूला झुलाएंगे कि, पता नहीं चलेगा कहां गिरे. अखिलेश ने कहा कि, जिन्होने कभी फुटबॉल नहीं खेला वो फिजिक्स बता रहे हैं।
शिवपाल बोले ऐसा गोल करुंगा…
इधर एक के बाद एक वार से निशाने पर आए शिवपाल यादव ने भी मोर्चा संभाल लिया…सीएम योगी के फुटबॉल वाले बयान पर कह दिया कि,…ऐसा खेलूंगा कि, गोल हो जाएगा…।
क्या बढ़ेगा शिवपाल का संकट?
मैनपुरी का इमोशन वाला इलेक्शन…अब नए कलर और कलेवर में दिखाई दे रहा है…मैनपुरी में योगी के ‘फीफा दांव’ से चुनाव और दिलचस्प होता दिख रहा है…वहीं सुरक्षा में कटौती और गोमती की खुलती परतों पर सवाल ये है कि, चाचा आ तो गए भतीजे के निकट…क्या बढ़ने वाला है नया संकट?
क्या-क्या हुआ??
शिवपाल यादव की सुरक्ष में कटौती हुई
Z श्रेणी की सुरक्षा को घटाकर Y किया गया
गोमती रिवर घोटाले में भी घिर सकते हैं शिवपाल यादव
गोमती रिवर फ्रंट घोटाला मामले की जांच में तेजी
CBI ने दो अधिकारियों से पूछताछ की अनुमति मांगी
शिवपाल के करीबी अधीक्षण अभियंता जेल में हैं
गोमती मामले में शिवपाल की मुश्किलें बढ़ सकती हैं
दोहरे झटके के बाद शिवपाल यादव का बयान
“इस सरकार से उम्मीद ही क्या की जा सकती है”
रिवर फ्रंट मामले में अखिलेश यादव का बयान
रिवर फ्रंट का फैसला कैबिनेट से हुआ था: अखिलेश
क्या कैबिनेट के फैसले को भी सरकार नहीं मानेगी?
