प्रवासी मजदूरों के लिए आई अच्छी खबर, हाईकोर्ट ने…

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लखनऊ: लॉकडाउन के बीच गैर राज्यों से उत्तर प्रदेश लौट रहे प्रवासी श्रमिकों की भीड़ को लेकर शुक्रवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है. हाईकोर्ट ने निर्देश दिया कि, बाहरी राज्यों से आने वाले हर 400 लोगों पर एक अधिकारी नियुक्त किया जाए. साथ ही बाहर से आने वाले लोगों का रिकॉर्ड तैयार कर उनकी मॉनिटरिंग भी सुनिश्चित किया जाए. यह आदेश मुख्य न्यायाधीश गोविंद माथुर और न्यायमूर्ति सिद्धार्थ वर्मा की डिवीजन बेंच ने क्वारैंटाइन सेंटर और अस्पतालों की बदहाली को लेकर दाखिल याचिका की सुनवाई करते हुए दिया. मामले की अगली सुनवाई 18 मई को होगी.

हाईकोर्ट में दाखिल की थी याचिका

दरअसल, हाईकोर्ट के वकील गौरव कुमार गौर ने प्रयागराज में क्वारैंटाइन सेंटरों की बदहाली को लेकर ईमेल के जरिए मुख्य न्यायाधीश से शिकायत की थी. याची ने तर्क दिया था कि, प्रयागराज के लूकरगंज निवासी कोरोना पॉजिटिव मृत इंजीनियर की संक्रमित पत्नी ने क्वारैंटाइन सेंटर के अंदर से वीडियो जारी कर अव्यवस्थाओं की तरफ लोगों का ध्यान आकर्षित किया था. हाईकोर्ट ने इसे जनहित याचिका कायम करते हुए सुनवाई की. कोर्ट ने कहा- अस्पतालों में कोविड-19 के अलावा अन्य बीमारियों के आने वाले मरीजों के इलाज के लिए भी समुचित व्यवस्था होनी चाहिए.

पैदल न चलें, हम सुरक्षित पहुंचाएंगे घर

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को कहा कि, लॉकडाउन 3.0 में प्रवासी श्रमिकों का पलायन तेज हुआ है. उससे पहले तक स्थिति सामान्य थी. बताया कि, एक मार्च से 30 मार्च तक प्रदेश में 6 लाख 50 हजार लोग प्रदेश में आए हैं. इसके साथ-साथ आज तक 4 लाख 70 हजार लोग केवल ट्रेन से आए हैं. उन्होंने एक बार श्रमिकों से अपील की है कि, पैदल न चलें, हम सबको सुरक्षित लेकर आएंगे. उन्होंने जिला स्तर के अधिकारियों को निर्देश दिया है कि, ड्राइव चलाएं और जो लोग पैदल या साइकिल से चल रहे हैं या ट्रक पर चढ़ गए हैं, उनको भोजन कराएं और क्वारैंटाइन सेंटर ले जाकर घर भेजने की व्यवस्था करें. सीएम ने बताया कि, अब तक कुल 626 ट्रेनों को प्रदेश आने की सहमति दी है. जिनमें से 380 आ चुकी हैं. लगभग 250 और ट्रेनों को सहमति दी गई है.

अब 10 सैंपल का एक पूल बनाया जा रहा

स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव अमित मोहन ने बताया कि, गुरुवार को प्रदेश में 4878 सैंपल की टेस्टिंग की गई. 426 पूल लगाए गए थे, जिसमें 35 पूल पॉजिटिव आए और 391 निगेटिव रहे. अभी तक प्रदेश में जो पूल लगाए जा रहे थे, उसमें 5 सैंपल को एक साथ पूल किया जा रहा था, अब 5 से बढ़ाकर 10 सैंपल का पूल लगाया जाएगा. इसे आगे और बढ़ाया जाएगा.

 

 

 

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