नई दिल्ली : पाकिस्तान और चीन देखते रह जाएंगे और भारत-अमेरिका साथ-साथ एक इतिहास रच देंगे. जी हां, भारत और अमेरिका की तीनों सेना इतिहास में पहली बार संयुक्त युद्धाभ्यास कर सकती हैं. अमेरिका के एक वरिष्ठ रक्षा अधिकारी के मुताबिक भारत और अमेरिका के बीच अगले साल संयुक्त रूप से युद्धाभ्यास होने वाला है. दोनों देशों के बीच होने वाले इस विशेष युद्धाभ्यास में विशेष बलों को भी शामिल करने के बारे बातचीत चल रही है.
नई दिल्ली में अमेरिका के रक्षा अटैची ब्रिगेडियर जनरल डेविड ई. ब्रिगम ने इस युद्धाभ्यास के बारे में विस्तार से जानकारी दी. उन्होंने बताया कि दोनों देश के बीच पहला संयुक्त युद्धाभ्यास 2019 में होगा और इसका आयोजन भारत में किया जाएगा. इस युद्धाभ्यास में दोनों देशों की तीनों सेना के साथ-साथ विशेष अभियान बल को भी शामिल किए जाने की बात चल रही है. फिलहाल, विशेष बलों को शामिल करने पर विचार अभी चल ही रहा है, इस पर अभी फैसला नहीं लिया गया है.
अगर ऐसा संभव होता है कि ये विशेष दल भी युद्धाभ्यास करें तो ये बेहद शानदार होगा. इतना ही नहीं युद्धाभ्यास की ताकत पर चर्चा के लिए एक बैठक का भी आयोजन किया जाएगा. आपको बता दें कि युद्धाभ्यास अगले साल किस तारीख से शुरू होगा इसे लेकर अभी कोई फैसला नहीं किया गया है. ऐसी उम्मीद की जा रही है कि साल 2019 के अगस्त महीने के आखिरी सप्ताह में इसे कराना तय किया जा सकता है. भारत और अमेरिका की तीनों सेना अलग-अलग संयुक्त युद्धाभ्यास कर चुकी हैं.
इसी साल सितंबर महीने में दोनों देशों की सेनाओं ने सालाना युद्धाभ्यास किया और कोप इंडिया नाम से भारत-अमेरिका की वायुसेनाओं ने द्विपक्षीय युद्धाभ्यास किया. साथ ही दोनों देशों की नौसेनाओं ने मालावार में जापान के साथ अभ्यास किया. लेकिन दोनों देश के लिए ये पहला मौका होगा जब ये संयुक्त रूप से युद्धाभ्यास करेंगे. खास बात ये है कि यह अभ्यास लखनऊ में होगा.
